जम्मू-कश्मीर में एक महिला को उसके पति की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बताया कि मृतक के शरीर पर कई चोटें थीं और गले के चारों ओर लिगेचर के निशान मिले, जिससे हत्या की आशंका स्पष्ट हुई।
पति हत्या मामला: घटना का विवरण
बिट्टू राम 19 अक्टूबर 2024 को कोचिंग जाने के लिए घर से निकले थे और लापता हो गए। दो दिन बाद उनका शव एक पांड में पाया गया। शव की हालत बिगड़ी हुई थी, जिससे हत्या की पुष्टि हुई।
पुलिस जांच और कबूलनामे
घटना स्थल का वैज्ञानिक परीक्षण किया गया और कई महत्वपूर्ण सबूत बरामद किए गए। आरोपी महिला ने पूछताछ में बताया कि वैवाहिक विवाद और बाहरी संबंधों के कारण रिश्ते तनावपूर्ण थे। उसने स्वीकार किया कि गुस्से में उसने अपने पति को रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी।
कानूनी प्रावधान
भारतीय कानून के अनुसार, पति हत्या मामला भारतीय दंड संहिता की धारा 302 या भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 के तहत आता है। दोषी को मृत्युदंड या आजीवन कारावास के साथ जुर्माना लगाया जा सकता है।
पुलिस की प्रतिक्रिया
पुलिस ने कहा कि सभी साक्ष्यों और कबूलनामे के आधार पर जांच जारी है। फॉरेंसिक टीम और स्थानीय प्रशासन केस की गहनता से जाँच कर रहे हैं। Yugvardhini | Aarti sharma के विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे मामलों में सबूत और वैज्ञानिक जांच बेहद महत्वपूर्ण होते हैं।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
Q1. पति हत्या मामला किस धारा में आता है?
भारतीय दंड संहिता की धारा 302 या भारतीय न्याय संहिता की धारा 103।
Q2. आरोपी ने कबूलनामे में क्या कहा?
महिला ने वैवाहिक विवाद के बाद पति को रस्सी से गला घोंटकर हत्या करने की बात स्वीकार की।
Q3. पुलिस ने कौन से सबूत बरामद किए?
घटना स्थल से लिगेचर निशान, शरीर पर चोटें और अन्य भौतिक प्रमाण बरामद किए गए।
