मोदी ग्रीस वार्ता के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ग्रीस के प्रधानमंत्री किरियाकोस मित्सोताकिस के साथ टेलीफोन पर बातचीत की। इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत और ग्रीस के बीच रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई। वार्ता में व्यापार, निवेश, रक्षा, समुद्री सहयोग, प्रौद्योगिकी, कनेक्टिविटी और लोगों के बीच संबंधों को बढ़ावा देने जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई।
रणनीतिक साझेदारी को मिलेगा नया आयाम
मोदी ग्रीस वार्ता के दौरान दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा करते हुए विभिन्न क्षेत्रों में जारी सहयोग पर संतोष व्यक्त किया। इसके अलावा, उन्होंने आर्थिक सहयोग को नई गति देने और दोनों देशों के बीच निवेश के अवसरों को बढ़ाने पर भी सहमति जताई। दोनों नेताओं ने कहा कि भारत और ग्रीस के मजबूत संबंध क्षेत्रीय और वैश्विक स्थिरता के लिए भी महत्वपूर्ण हैं।
व्यापार और निवेश पर विशेष चर्चा
वार्ता के दौरान भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) की दिशा में हो रही प्रगति पर भी विचार-विमर्श हुआ। वहीं, ग्रीस के प्रधानमंत्री किरियाकोस मित्सोताकिस ने वर्ष 2026 में भारत की मेजबानी में होने वाले एआई इम्पैक्ट शिखर सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं और समर्थन व्यक्त किया। दोनों नेताओं ने नवाचार, डिजिटल तकनीक और हरित विकास के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी जोर दिया।
क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर हुई चर्चा
मोदी ग्रीस वार्ता के दौरान दोनों प्रधानमंत्रियों ने आपसी हितों से जुड़े क्षेत्रीय
और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया।
हालांकि, बातचीत का मुख्य फोकस भारत-ग्रीस रणनीतिक साझेदारी को
और अधिक मजबूत बनाना तथा दोनों देशों के बीच सहयोग को नई दिशा देना रहा।
दोनों नेताओं ने भविष्य में भी नियमित संवाद बनाए रखने पर सहमति जताई।
भारत-ग्रीस संबंध होंगे और मजबूत
विशेषज्ञों का मानना है कि मोदी ग्रीस वार्ता से दोनों देशों के बीच व्यापार,
निवेश, रक्षा और तकनीकी सहयोग को नई गति मिलेगी।
कुल मिलाकर, यह बातचीत भारत और ग्रीस के मजबूत कूटनीतिक संबंधों
को और गहरा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
